<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>mohan yadav &#8211; NewsX 24</title>
	<atom:link href="https://newsx24.com/tag/mohan-yadav/feed/" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://newsx24.com</link>
	<description></description>
	<lastBuildDate>Sun, 23 Aug 2026 18:01:00 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=6.9.7</generator>

<image>
	<url>https://newsx24.com/wp-content/uploads/2026/02/cropped-ChatGPT-Image-Feb-18-2026-11_44_21-PM-32x32.png</url>
	<title>mohan yadav &#8211; NewsX 24</title>
	<link>https://newsx24.com</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>मुख्यमंत्री डॉ. यादव का वन विभाग के पदोन्नत शासकीय सेवक करेंगे आभार व्यक्त</title>
		<link>https://newsx24.com/promoted-government-employees-of-the-forest-department-will-express-their-gratitude-to-chief-minister-dr-yadav/</link>
					<comments>https://newsx24.com/promoted-government-employees-of-the-forest-department-will-express-their-gratitude-to-chief-minister-dr-yadav/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Editor]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 23 Aug 2026 18:01:00 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[मध्य प्रदेश]]></category>
		<category><![CDATA[राज्य]]></category>
		<category><![CDATA[mohan yadav]]></category>
		<category><![CDATA[top-news]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://newsx24.com/promoted-government-employees-of-the-forest-department-will-express-their-gratitude-to-chief-minister-dr-yadav/</guid>

					<description><![CDATA[भारतीय वन प्रबंधन संस्थान में 24 अगस्त को होगा आभार समारोह भोपाल वन विभाग में शासकीय सेवकों की पदोन्नति के लिये मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के प्रति आभार प्रदर्शन समारोह 24 अगस्त 2026 को आयोजित किया जाएगा। समारोह में वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री श्री दिलीप अहिरवार विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। आयोजन सुबह &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p style="text-align:justify"><strong>भारतीय वन प्रबंधन संस्थान में 24 अगस्त को होगा आभार समारोह</strong></p>
<p style="text-align:justify"><strong>भोपाल</strong><br />
वन विभाग में शासकीय सेवकों की पदोन्नति के लिये मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के प्रति आभार प्रदर्शन समारोह 24 अगस्त 2026 को आयोजित किया जाएगा। समारोह में वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री श्री दिलीप अहिरवार विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। आयोजन सुबह 11 बजे भारतीय वन प्रबंधन संस्थान (आईआईएफएम), नेहरू नगर, भोपाल में किया जाएगा।</p>
<p style="text-align:justify">पदोन्नति प्राप्त शासकीय सेवक इस समारोह में वर्षों से लंबित पदोन्नतियों की प्रक्रिया को पूरा किये जाने के लिये मुख्यमंत्री डॉ. यादव का आभार व्यक्त करेंगे। कार्यक्रम में वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी एवं पदोन्नत शासकीय सेवक उपस्थित रहेंगे। समारोह में वन विभाग में मानव संसाधन को और अधिक सशक्त बनाने तथा शासकीय सेवकों को नई जिम्मेदारियों के साथ बेहतर कार्य निष्पादन के लिए प्रोत्साहित किया जायेगा।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://newsx24.com/promoted-government-employees-of-the-forest-department-will-express-their-gratitude-to-chief-minister-dr-yadav/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>किसानों को आधुनिक तकनीक का लाभ दिलाने के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध</title>
		<link>https://newsx24.com/the-state-government-is-committed-to-providing-farmers-with-the-benefits-of-modern-technology/</link>
					<comments>https://newsx24.com/the-state-government-is-committed-to-providing-farmers-with-the-benefits-of-modern-technology/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Editor]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 23 Aug 2026 17:55:00 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[मध्य प्रदेश]]></category>
		<category><![CDATA[राज्य]]></category>
		<category><![CDATA[mohan yadav]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://newsx24.com/the-state-government-is-committed-to-providing-farmers-with-the-benefits-of-modern-technology/</guid>

					<description><![CDATA[मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने हर जिले के बलराम कृषि महोत्सव में किसानों से की बातचीत भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव प्रदेश के किसान भाइयों के प्रति विशेष रूप से संवेदनशील हैं। राज्य सरकार किसानों को आधुनिक तकनीक का लाभ दिलाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। इसी का परिणाम है कि बलराम कृषि महोत्सव में आधुनिक तकनीकों &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p style="text-align:justify"><strong>मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने हर जिले के बलराम कृषि महोत्सव में किसानों से की बातचीत</strong></p>
<p style="text-align:justify"><strong>भोपाल</strong><br />
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव प्रदेश के किसान भाइयों के प्रति विशेष रूप से संवेदनशील हैं। राज्य सरकार किसानों को आधुनिक तकनीक का लाभ दिलाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। इसी का परिणाम है कि बलराम कृषि महोत्सव में आधुनिक तकनीकों की जानकारी के साथ किसानों को प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव अपनी व्यस्तताओं के बावजूद किसानों से संवाद अवश्य करते हैं। भले ही नई दिल्ली की व्यस्तता हो या प्रदेश के जिलों के अन्य प्रशासनिक दायित्व, मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने हर जिले के बलराम कृषि महोत्सव में किसानों से बातचीत की।</p>
<p style="text-align:justify">मुख्यमंत्री डॉ. यादव की पहल पर ही कृषकों को कृषि की आधुनिक तकनीक, प्राकृतिक खेती, कृषि यंत्रीकरण और शासन की योजनाओं से जोड़ने के लिए जिलों में बलराम कृषि महोत्सव आयोजित किया जा रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गत दिवस नई दिल्ली से शिवपुरी के किसानों से वर्चुअली चर्चा की। इससे पहले वे अशोकनगर, गुना ,विदिशा, रायसेन, भोपाल राजगढ़ सीहोर, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, उज्जैन, खरगोन आदि स्थानों पर हुए बलराम कृषि महोत्सव में वर्चुअल सहभागिता कर चुके हैं। जनजातीय बाहुल्य अलीराजपुर के महोत्सव में मुख्यमंत्री डॉ. यादव स्वयं व्यक्तिगत रूप से सम्मिलित हुए थे।</p>
<p style="text-align:justify">मुख्यमंत्री डॉ. यादव का मानना है कि किसान के समृद्ध और खुशहाल होने से ही संपूर्ण समाज अन्न और धन-धान्य से परिपूर्ण रहेगा। सीमा पर जवान और खेत में किसान की भूमिका समान है, दोनों ही देश के लिए समर्पित हैं। उनकी इस प्रतिबद्धता के परिणामस्वरूप ही राज्य सरकार पूर्ण संवेदनशीलता और सक्रियता से किसान हित में कार्य कर रही है। पूरा साल किसान कल्याण वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अशोक नगर के बलराम कृषि महोत्सव में कहा था कि किसान का अर्थ ही स्वावलंबन है, अपने बलबूतों पर अपने परिवार के साथ संपूर्ण समाज के पालन पोषण के लिए अन्न का कटोरा भरने का सार्मथ्य किसानों में ही है।</p>
<p style="text-align:justify">मुख्यमंत्री डॉ. यादव के निर्देश पर किसानों की आय बढ़ाने, उनका जीवन स्तर उन्नत करने और उनके समग्र कल्याण के लिए आरंभ बलराम कृषि महोत्सव में जिला स्तर पर कृषि के उन्नत तकनीक के प्रदर्शन और विषय विशेषज्ञों से किसानों के सीधे संवाद की व्यवस्था की गई है। इन आयोजनों में किसानों को नवीन तकनीक और बाजार आधारित कृषि मॉडल की जानकारी भी उपलब्ध कराई जा रही है। किसानों को डिजिटल कृषि सेवा, मौसम आधारित खेती, मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन, ड्रोन तकनीक, स्मार्ट सिंचाई, उन्नत कृषि यंत्रों और आधुनिक कृषि प्रबंधन प्रणालियों की जानकारी भी दी जा रही है। कृषि विशेषज्ञ किसानों को बदलती जलवायु के अनुरूप खेती की नई पद्धतियों और जोखिम प्रबंधन के उपाय से भी अवगत करा रहे हैं।</p>
<p style="text-align:justify">मुख्यमंत्री डॉ. यादव किसानों को अपनी किसान आईडी बनाने के लिए भी निरंतर प्रेरित कर रहे हैं। किसान आईडी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा आरंभ किए गए डिजिटल कृषि मिशन का प्रमुख अंग है। आधार कार्ड के समान किसान आईडी किसानों के लिए एक विश्वसनीय डिजिटल पहचान के रूप में कार्य करती है। यह आईडी भू-अभिलेख, पशुधन स्वामित्व ,बोई गई फसल और प्राप्त लाभ सहित विभिन्न किसान संबंधित डेटा से जुड़ी है।</p>
<p style="text-align:justify">मुख्यमंत्री डॉ. यादव रासायनिक दवाओं के अत्यधिक उपयोग से किसानों के स्वास्थ्य पर पड़ रहें असर के प्रति भी सर्तक हैं। मुख्यमंत्री किसानों को निरंतर प्राकृतिक खेती लेने के लिए प्रोत्साहित कर रहे हैं। प्राकृतिक खेती केवल खेती की पद्धति नहीं, बल्कि प्रकृति के साथ संतुलन स्थापित करने का माध्यम है। यह मिट्टी, जल और पर्यावरण को सुरक्षित रखते हुए उत्पादन बढ़ाने का मार्ग है। प्राकृतिक खेती में मिट्टी की जल धारण क्षमता बढ़ती है। कम सिंचाई में भी फसल अच्छी होती है। जलवायु परिवर्तन के दौर में यह भविष्य की पीढ़ियों के लिए जल बचाने का बड़ा अभियान है। प्राकृतिक खेती, रासायनिक खेती की बढ़ती लागत से किसानों को राहत देती है। यह खेती को लाभकारी और टिकाऊ बनाती है। इससे रासायनिक उर्वरक और कीटनाशकों पर निर्भरता कम होती है। उत्पादन लागत घटने से शुद्ध आय बढ़ती है। यह छोटे किसानों के लिए विशेष रूप से लाभकारी है। प्राकृतिक खेती रासायनिक उर्वरक और कीटनाशकों के घातक प्रभाव को कम करती है। विषमुक्त वातावरण में खेत और किसान दोनों सुरक्षित रहते हैं। स्वस्थ किसान ही समृद्ध राष्ट्र का निर्माण करता है।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://newsx24.com/the-state-government-is-committed-to-providing-farmers-with-the-benefits-of-modern-technology/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>अतिवृष्टि एवं बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्यों को सर्वाेच्च प्राथमिकता दें &#8211; मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव</title>
		<link>https://newsx24.com/accord-top-priority-to-relief-operations-in-areas-affected-by-excessive-rainfall-and-floods-chief-minister-dr-mohan-yadav/</link>
					<comments>https://newsx24.com/accord-top-priority-to-relief-operations-in-areas-affected-by-excessive-rainfall-and-floods-chief-minister-dr-mohan-yadav/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Editor]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 23 Aug 2026 16:46:00 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[मध्य प्रदेश]]></category>
		<category><![CDATA[राज्य]]></category>
		<category><![CDATA[featured]]></category>
		<category><![CDATA[mohan yadav]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://newsx24.com/accord-top-priority-to-relief-operations-in-areas-affected-by-excessive-rainfall-and-floods-chief-minister-dr-mohan-yadav/</guid>

					<description><![CDATA[शहडोल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश में अतिवृष्टि एवं बाढ़ से उत्पन्न परिस्थितियों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों को सर्वाेच्च प्राथमिकता के साथ संचालित करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्राकृतिक आपदा की स्थिति में शासन-प्रशासन का प्रमुख &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p style="text-align:justify"><strong>शहडोल</strong><br />
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश में अतिवृष्टि एवं बाढ़ से उत्पन्न परिस्थितियों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों को सर्वाेच्च प्राथमिकता के साथ संचालित करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्राकृतिक आपदा की स्थिति में शासन-प्रशासन का प्रमुख दायित्व प्रभावित परिवारों को तत्काल आवश्यक सहायता एवं मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना है। इसके लिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और मैदानी स्तर पर निरंतर निगरानी रखें और बाढ़ पीड़ित लोगों के लिए समुचित व्यवस्थाएं सुनिश्चित कराएं।</p>
<p style="text-align:justify">मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निर्देश दिए कि अतिवृष्टि एवं बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में खाद्यान्न सामग्री, शुद्ध पेयजल, चिकित्सा सेवाओं, स्वच्छता तथा अन्य आवश्यक सुविधाओं की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। प्रभावित परिवारों को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए स्थानीय प्रशासन आवश्यकता के अनुसार तत्काल व्यवस्थाएं सुनिश्चित करे। उन्होंने&nbsp; निर्देश दिए हैं कि नगरीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों में सफाई व्यवस्था एवं नालों एवं नालियों की सफाई का विशेष अभियान चलाया जाए। राहत केन्द्रों में खाद्य सामग्री, चिकित्सा सुविधा, साफ-सफाई तथा शुद्ध पेयजल की व्यवस्था करें।&nbsp; बाढ़ क्षेत्र से पानी उतरने पर पेयजल स्त्रोतों का शुद्धीकरण किया जाए।</p>
<p style="text-align:justify">मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए हैं कि विद्युत आपूर्ति व्यवस्था प्राथमिकता से बहाल की जाए, बाढ़ क्षेत्र में पशुधन के लिए चारा-पानी की व्यवस्था तथा मृत पशुओं का व्यवस्थित निस्तारण कराया जाए।&nbsp; फसल क्षति, बाढ़ के कारण हुई मौतों, पशुधन की क्षति, कच्चे मकानों के गिरने का आंकलन कराकर शीघ्र आरबीसी 6-4 के तहत राहत राशि वितरित की जाए। स्कूल एवं महाविद्यालयों का भी प्रबंधन किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि राहत शिविरों में रह रहे लोगों की आवश्यकताओं का नियमित आकलन किया जाए तथा आवश्यकता के अनुरूप व्यवस्थाओं को तत्काल बेहतर से बेहतर बनाया जाए। महिलाओं, बच्चों, बुजुर्गों एवं अन्य जरूरतमंद लोगों की आवश्यकताओं का विशेष ध्यान रखा जाए।</p>
<p style="text-align:justify"><strong>बाढ़ का पानी उतरने के बाद भी बरतें विशेष सतर्कता</strong><br />
मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन क्षेत्रों में बाढ़ का पानी उतर गया है, वहां भी प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा विशेष सतर्कता बरती जाए। बाढ़ के बाद जलभराव, गंदगी और दूषित पेयजल के कारण संक्रामक बीमारियों एवं महामारी के फैलने की आशंका रहती है। ऐसे में प्रभावित क्षेत्रों में साफ-सफाई, सैनिटाइजेशन तथा शुद्ध पेयजल की व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए कि प्रभावित क्षेत्रों में चिकित्सा दलों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। आवश्यक दवाओं का पर्याप्त भंडारण रखा जाए तथा किसी भी बीमारी के लक्षण सामने आने पर तत्काल उपचार एवं आवश्यक चिकित्सकीय कार्रवाई की जाए।</p>
<p style="text-align:justify"><strong>मृत पशुओं का सुरक्षित डिस्पोजल सुनिश्चित करें</strong><br />
अतिवृष्टि एवं बाढ़ के कारण प्रभावित क्षेत्रों में मृत पशुओं के सुरक्षित निस्तारण की व्यवस्था भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि मृत पशुओं का खुले में पड़े रहना स्वास्थ्य एवं स्वच्छता के लिए गंभीर समस्या उत्पन्न कर सकता है। संबंधित विभाग स्थानीय प्रशासन के साथ समन्वय कर उनका नियमानुसार सुरक्षित डिस्पोजल सुनिश्चित करें।</p>
<p style="text-align:justify"><strong>स्वच्छता और पेयजल व्यवस्था पर विशेष ध्यान</strong><br />
मुख्यमंत्री ने प्रभावित क्षेत्रों में पेयजल स्रोतों की स्थिति की निगरानी करने तथा आवश्यकता पड़ने पर वैकल्पिक माध्यमों से शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में दूषित जल के उपयोग से होने वाली बीमारियों की रोकथाम के लिए पेयजल की गुणवत्ता की जांच एवं आवश्यक शुद्धिकरण की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने स्थानीय निकायों एवं संबंधित विभागों को प्रभावित क्षेत्रों में नियमित साफ-सफाई, जलभराव वाले स्थानों की निगरानी तथा आवश्यकतानुसार कीटाणुनाशक एवं अन्य उपाय किए जाने के निर्देश दिए।</p>
<p style="text-align:justify"><strong>प्रशासन रहे पूरी तरह मुस्तैद</strong><br />
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अधिकारियों से कहा कि अतिवृष्टि एवं बाढ़ की स्थिति में किसी भी प्रकार की लापरवाही न हो। प्रभावित क्षेत्रों की लगातार निगरानी की जाए और आवश्यकता पड़ने पर तत्काल राहत एवं बचाव दलों को सक्रिय किया जाए। उन्होंने कहा कि आमजन की सुरक्षा सर्वाेच्च प्राथमिकता है और प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने के लिए शासन प्रतिबद्ध है।</p>
<p style="text-align:justify">मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मौसम एवं जलस्तर की स्थिति पर निरंतर नजर रखते हुए स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार आवश्यक निर्णय लिए जाएं तथा नागरिकों को समय पर सूचना एवं आवश्यक सावधानियों से अवगत कराया जाए। वीडियो कान्फ्रेंसिंग में मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने रीवा एवं शहडोल संभाग में अति वर्षा से उत्पन्न हुई स्थिति&nbsp; की जानकारी कमिश्नरों और संबंधित जिले के कलेक्टरों से ली तथा वर्षाकाल में सतत रूप से सतर्क रहने एवं बाढ़ प्रभावित आशंका वाले क्षेत्रों में नियमित भ्रमण कर माकूल व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।&nbsp;</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://newsx24.com/accord-top-priority-to-relief-operations-in-areas-affected-by-excessive-rainfall-and-floods-chief-minister-dr-mohan-yadav/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>MP MSP Mung Procurement: मध्य प्रदेश में मूंग खरीदी का नया प्लान लागू, किसानों को मिलेगा बड़ा फायदा</title>
		<link>https://newsx24.com/mp-msp-moong-procurement-new-plan-for-moong-procurement-implemented-in-madhya-pradesh-farmers-set-to-benefit-significantly/</link>
					<comments>https://newsx24.com/mp-msp-moong-procurement-new-plan-for-moong-procurement-implemented-in-madhya-pradesh-farmers-set-to-benefit-significantly/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Editor]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 04 Aug 2026 03:36:00 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[मध्य प्रदेश]]></category>
		<category><![CDATA[राज्य]]></category>
		<category><![CDATA[featured]]></category>
		<category><![CDATA[mohan yadav]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://newsx24.com/mp-msp-moong-procurement-new-plan-for-moong-procurement-implemented-in-madhya-pradesh-farmers-set-to-benefit-significantly/</guid>

					<description><![CDATA[सागर &#160;मध्य प्रदेश में बीते दिनों किसानों को अपनी मूंग की उपज की एमएसपी यानि न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी कराने के लिए आंदोलन करना पड़ा था, तब जाकर 60 फीसदी मूंग की खरीदी सरकार एमएसपी पर कर रही है. यहां तक सरकार बुकिंग की अंतिम तिथि बढ़ाने का भी फैसला लिया था. जिसके बाद &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p><strong>सागर</strong><br />
&nbsp;मध्य प्रदेश में बीते दिनों किसानों को अपनी मूंग की उपज की एमएसपी यानि न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी कराने के लिए आंदोलन करना पड़ा था, तब जाकर 60 फीसदी मूंग की खरीदी सरकार एमएसपी पर कर रही है. यहां तक सरकार बुकिंग की अंतिम तिथि बढ़ाने का भी फैसला लिया था. जिसके बाद किसान मान गए थे और आंदोलन वापस लिया. अब प्रदेश में 60 फीसदी मूंग एमएसपी पर खरीदी जा रही है. हालांकि कई जगहों पर खरीदी केंद्रों पर फर्जीवाड़ा और गड़बड़ी की शिकायतें सामने आ रही हैं. जिस पर एक्शन लेते हुए रहली विकासखंड के गुंजौरा खरीदी केंद्र के कंप्यूटर ऑपरेटर को हटा दिया गया है।&nbsp;</p>
<p><strong>मध्य प्रदेश में कितनी MSP पर सरकार खरीदी रही कितना मूंग</strong><br />
दरअसल, 27 जुलाई को नर्मदापुरम में किसान इकट्ठा हुए थे और सेठानी घाट पर प्रदर्शन करते हुए भोपाल की तरफ कूच किया था. किसान मूंग खरीदी की 100 प्रतिशत खरीदी की मांग कर रहे थे. किसानों के प्रदर्शन को देखते हुए मध्य प्रदेश सरकार ने किसानों की मांग को मान लिया था, हालांकि सरकार 100 नहीं 60 प्रतिशत खरीदी पर तैयार हुई है. बताते चलें पहले प्रदेश में 25 प्रतिशत मूंग एमएसपी पर खरीदी जा रही थी. एमपी में मूंग की एमएसपी 8,768 रुपए प्रति क्विंटल तय किया गया है।&nbsp;</p>
<p>जिसके हिसाब से अब मोहन यादव सरकार 60 प्रतिशत मूंग न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदेगी. इसके साथ ही स्लॉट बुकिंग की अंतिम तिथि 30 जुलाई से बढ़ाकर 10 अगस्त कर द गई है. इसके अलावा उपार्जन की अंतिम तिथ 10 अगस्त से बढ़ाकर 20 अगस्त कर दी गई है।&nbsp;</p>
<p><strong>रहली में वसूली का वीडियो सर्कुलेट</strong><br />
रहली विकासखंड के गुंजौरा खरीदी केंद्र पर अवैध वसूली का मामला सामने आया है. सोशल मीडिया पर सर्कुलेट वीडियो में खरीदी केंद्र में मौजूद एक व्यक्ति किसानों से प्रति क्विंटल 300 रुपए की वसूली करता दिखाई दे रहा है. गुंजौरा स्थित मूंग खरीदी केंद्र का बताए जा रहे इस वीडियो में एक व्यक्ति किसानों से भुगतान की बात करता दिखाई देता है. बातचीत में ये भी हो रहा है कि मूंग अगर अमानक रहेगी, मिट्टी मिली या खराब होगी, तो भी खरीदी जाएगी. इसके एवज में प्रति क्विंटल 300 रुपए देने होंगे. वीडियो में एक व्यक्ति अपनी पांच क्विटंल मूंग के 1500 रुपए देते हुए भी नजर आ रहा है. किसानों का आरोप है कि मूंग को जबरन खराब बताकर वसूली की जा रही है।&nbsp;</p>
<p><strong>देवरी में भी 200-300 रुपए की वसूली</strong><br />
देवरी विकासखंड के देवरी और केसली में भी मूंग खरीदी केंद्रों पर किसानों से अवैध वसूली के गंभीर आरोप लग रहे हैं. मिली जानकारी के अनुसार सेवा सहकारी समिति थावरी में ऊषा वेयरहाउस, मुआर खास में मूंग खरीदी केंद्र पर भारी गड़बड़ी की जा रही है. मूंग खरीदी केंद्रों पर किसान की मूंग की अमानक, कचरा और मिट्टी मिली बताकर वसूली की जा रही है. जो किसान 200-300 रुपए प्रति क्विटंल पैसा देने तैयार है. उसकी मूंग कैसी भी हो, वह एमएसपी पर खरीदी जा रही है. कई खरीदी केंद्रों पर तो व्यापारियों की अमानक मूंग खरीदने के आरोप लगे हैं।&nbsp;</p>
<p><strong>वीडियो के बाद कार्रवाई</strong><br />
रहली के गुंजौरा खरीदी केंद्र के वीडियों में ऑपरेटर हिमांशु तिवारी पैसों की मांग करते हुए वीडियों में दिखाई और सुनाई दे रहा है. वीडियो सामने आने के बाद कृषि विभाग हरकत में आया. प्रभारी एसडीओ कृषि, रहली तहसीलदार राजेश पांडे ने मौके पर पहुंचकर जांच की. अधिकारियों ने पंचनामा तैयार कर सभी के बयान दर्ज किए और हिमांशु तिवारी को ऑपरेटर पद से तत्काल प्रभाव से हटा दिया. फिलहाल मामले की जांच जारी है और जांके आधार पर आगे कार्रवाई की जाएगी।&nbsp;</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://newsx24.com/mp-msp-moong-procurement-new-plan-for-moong-procurement-implemented-in-madhya-pradesh-farmers-set-to-benefit-significantly/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>MP Police Recruitment 2026: पुलिस विभाग में 9,662 पदों पर होगी भर्ती, मोहन यादव कैबिनेट का बड़ा फैसला</title>
		<link>https://newsx24.com/mp-police-recruitment-2026-recruitment-for-9662-posts-in-the-police-department-major-decision-by-the-mohan-yadav-cabinet/</link>
					<comments>https://newsx24.com/mp-police-recruitment-2026-recruitment-for-9662-posts-in-the-police-department-major-decision-by-the-mohan-yadav-cabinet/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Editor]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 28 Jul 2026 12:36:00 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[मध्य प्रदेश]]></category>
		<category><![CDATA[राज्य]]></category>
		<category><![CDATA[featured]]></category>
		<category><![CDATA[mohan yadav]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://newsx24.com/mp-police-recruitment-2026-recruitment-for-9662-posts-in-the-police-department-major-decision-by-the-mohan-yadav-cabinet/</guid>

					<description><![CDATA[आई टी पार्क स्थापना की निरंतरता को मंजूरी: 8000 को मिलेगा रोजगार महिला एशियन हॉकी चैम्पियन्स 2026 के आयोजन के लिए 18 करोड़ 74 लाख रूपये की सैद्धांतिक स्वीकृति रिहन्द माइक्रो सिंचाई परियोजना के लिए 111 करोड़ रूपये की स्वीकृति मल्हारगढ़ दाबयुक्त वृहद उद्वहन सिंचाई परियोजना के संचालन के लिए 184 करोड़ रूपये की स्वीकृति &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<ul>
<li><strong>आई टी पार्क स्थापना की निरंतरता को मंजूरी: 8000 को मिलेगा रोजगार</strong></li>
<li><strong>महिला एशियन हॉकी चैम्पियन्स 2026 के आयोजन के लिए 18 करोड़ 74 लाख रूपये की सैद्धांतिक स्वीकृति</strong></li>
<li><strong>रिहन्द माइक्रो सिंचाई परियोजना के लिए 111 करोड़ रूपये की स्वीकृति</strong></li>
<li><strong>मल्हारगढ़ दाबयुक्त वृहद उद्वहन सिंचाई परियोजना के संचालन के लिए 184 करोड़ रूपये की स्वीकृति</strong></li>
<li><strong>सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना सहित विभिन्न योजनाओं के लिए 857 करोड़ रूपये की स्वीकृति</strong></li>
<li><strong>संकल्प-हब फॉर एम्पावरमेंट ऑफ़ वुमेन, शक्ति सदन और सखी निवास के लिए 198 करोड़ रूपये की स्वीकृति</strong></li>
<li><strong>ग्वालियर में वि&zwnj;द्युत सुरक्षा निरीक्षकालय के नवीन वृत्त की स्थापना को मंजूरी</strong></li>
<li><strong>नारायणगढ़ में जिला एवं अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सहित 9 नवीन पदों के सृजन की स्वीकृति</strong></li>
<li><strong>आर.सी.व्ही.पी. नरोन्हा प्रशासन एवं प्रबंधकीय अकादमी के संचालन के लिए 129 करोड़ रूपये की स्वीकृति</strong></li>
<li><strong>कर्मचारी कल्याण, पेंशन, भविष्य निधि और बीमा योजनाओं के लिए 982 करोड़ रूपये की स्वीकृति</strong></li>
<li><strong>समर्थन मूल्य पर उपार्जन पर किसानों को बोनस भुगतान योजना की निरंतरता की स्वीकृति</strong></li>
<li><strong>मध्यप्रदेश विधिक माप विज्ञान नियम, 2011 में संशोधन की स्वीकृति</strong></li>
<li><strong>मुख्यमंत्री डॉ. यादव की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद की बैठक में लिए गए निर्णय&nbsp;</strong></li>
</ul>
<p><strong>भोपाल</strong></p>
<p>मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद की बैठक मंगलवार को मंत्रालय में सम्पन्न हुई। मंत्रि-परिषद की बैठक में प्रदेश के सर्वांगीण विकास, बुनियादी ढांचे के विस्तार और जनकल्याण को गति देने के लिए लगभग 2 हजार 480 करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृति दी गई। बैठक में खेल गतिविधियों, सिंचाई, महिला सशक्तिकरण, सूचना प्रौद्योगिकी और किसान कल्याण से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णयों पर मुहर लगाई गई।&nbsp;</p>
<p><strong>&nbsp;हॉकी की</strong> नर्सरी माने जाने वाले भोपाल में हॉकी का बड़ा आयोजन होने जा रहा है. राजधानी भोपाल में महिला एशियन हॉकी चैंपियनशिप टॉफी 2026 होने जा रही है. यह चैंपियनशिप आगामी अक्टूबर और नंबवर माह में आयोजित होगी. इस चैंपियनशिप में भारत के अलावा चीन, जापान, दक्षिण कोरिया, मलेशिया और थाईलैंड जैसी टीमें हिस्सा लेंगी. इसके सभी मैच भोपाल के नाथू बरखेड़ा में बने नए स्पोर्ट्स कॉम्पलेक्स में आयोजित किए जाएंगे. इसमें करीब 200 खिलाड़ी भाग लेंगे. मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में इस आयोजन पर अपनी मंजूरी दे दी है. इस पर करीब 18 करोड़ रुपए की राशि खर्च की जाएगी. इसके लिए वित्त विभाग अपनी मंजूरी दे चुका है।&nbsp;</p>
<p>प्रमुख निर्णयों में अक्टूबर 2026 में भोपाल में &#039;महिला एशियन हॉकी चैम्पियन्स ट्रॉफी&#039; के भव्य आयोजन के लिए 18 करोड़ 74 लाख रुपये की सैद्धांतिक स्वीकृति दी गई, जिससे राज्य की खेल अवसंरचना और पर्यटन को वैश्विक पहचान मिलेगी। कृषि क्षेत्र को सुदृढ़ करने के लिए रिहन्द एवं मल्हारगढ़ सिंचाई परियोजनाओं और किसानों को समर्थन मूल्य पर बोनस भुगतान योजना की निरंतरता को मंजूरी मिली। प्रदेश को तकनीकी रूप से अग्रणी बनाने के उद्देश्य से आईआईएसईआर (IISER) भोपाल में ड्रोन टेक्नोलॉजी आधारित &#039;सेंटर ऑफ एक्सीलेंस&#039; और आईटी पार्कों के विकास के लिए 857 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए। इन निर्णय में आई टी पार्क की स्थापना के वर्ष 2031 तक संचालन की निरंतरता की स्वीकृति महत्वपूर्ण है ,इसके तहत करीब 8000 युवाओं को रोजगार मिल सकेगा। &#039;मिशन शक्ति&#039; के अंतर्गत महिला सशक्तिकरण के लिए 198 करोड़ रुपये, कर्मचारी कल्याण एवं पेंशन योजनाओं के लिए 982 करोड़ रुपये और ग्वालियर में विद्युत सुरक्षा के निरीक्षकालय के नवीन वृत्त कार्यालय और नारायणगढ़ में 9 नए न्यायिक पदों के सृजन को भी स्वीकृति प्रदान की गई है।</p>
<p><strong>महिला एशियन हॉकी चैम्पियन्स ट्रॉफी 2026 के भोपाल में आयोजन के लिए 18 करोड़ 74 लाख रूपये की सैद्धांतिक स्वीकृति</strong></p>
<p>मंत्रि-परिषद ने माह अक्टूबर 2026 में महिला एशियन हॉकी चैम्पियन्स ट्रॉफी 2026 के भोपाल के बरखेड़ा नाथू में स्थित अन्तर्राष्ट्रीय स्पोटर्स कॉम्पलेक्स में आयोजन के लिए संभावित व्यय राशि 18 करोड़ 74 लाख रूपये के व्यय की सैद्धांतिक सहमति प्रदान की है।</p>
<p>हॉकी इण्डिया को अन्तर्राष्ट्रीय हॉकी महासंघ द्वारा देश में हॉकी खेल का संचालन, प्रोत्साहन और अन्तर्राष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय हॉकी प्रतियोगिताओं के आयोजन के लिए अधिकृत किया गया है। प्रतियोगिता वर्ष 2010 से निरन्तर 2 वर्ष के अन्तराल में आयोजित की जा रही है। इस प्रतियोगिता को आयोजित करने का मुख्य उद्&zwnj;द्देश्य एशियाई महिला हॉकी टीमों की प्रतिभा को वैश्विक स्तर पर प्रदर्शित करना है। महिला एशियन हॉकी चैम्पियन्स ट्रॉफी 2026 में एशिया की प्रमुख 6 महिला टीमों (भारत, चीन, जापान, मलेशिया, साउथ कोरिया, एवं थाईलैण्ड) के लगभग 200 खिलाडी व सपोर्ट स्टॉफ के सम्मिलित होने की संभावना है।</p>
<p>यह अन्तर्राष्ट्रीय प्रतियोगिता हॉकी इण्डिया और खेल और युवा कल्याण विभाग &zwnj;द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित की जायेगी। अनुबंध अनुसार हॉकी इण्डिया को खेल और युवा कल्याण विभाग द्वारा &#039;पेजेंटिंग पार्टनर&#039; राईटस के लिए 11 करोड़ रूपये दिये जाएंगे। अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं के लिए विभाग दवारा 7 करोड़ 74 लाख रूपये का व्यय किया जायेगा। इस प्रकार आयोजन पर लगभग 18 करोड़ 74 लाख रूपये का व्यय होना संभावित है।</p>
<p>भोपाल के बरखेड़ा नाथू में अन्तर्राष्ट्रीय स्पोटर्स कॉम्पलेक्स को नवीन एवं आधुनिक तकनीकों के अनुरूप अन्तर्राष्ट्रीय स्तर की प्रमुख प्रतियोगिताओं के आयोजन के लिए तैयार किया गया है। एशिया स्तर की अन्तर्राष्ट्रीय प्रतियोगिता के आयोजन से वैश्विक स्तर पर मध्यप्रदेश में निर्मित खेल अधोसरंचना का प्रचार प्रसार होगा। इससे प्रदेश के हॉकी खिलाड़ियों के मनोबल में वृ&zwnj;द्धि होगी और एशिया के प्रमुख देशों से सम्मिलित हुई टीमों के खिलाड़ियों के भोपाल आगमन से प्रदेश में पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।</p>
<p><strong>रिहन्द माइक्रो सिंचाई परियोजना के संचालन के लिए 111 करोड़ रूपये की स्वीकृति</strong></p>
<p>मंत्रि-परिषद ने सिंगरौली की रिहन्द माइक्रो सिंचाई परियोजना को सोलहवें केन्द्रीय वित्त आयोग की अवधि 1 अप्रैल, 2026 से 31 मार्च, 2031 तक निरन्तर संचालन के लिए 111 करोड़ 4 लाख रूपये की स्वीकृति दी है। रिहन्द माइक्रो सिंचाई परियोजना का मुख्य उद्देश्य गोविन्द वल्लभ पंत सागर रिजर्वायर (रिहन्द नदी पर स्थित) से संचित जल का उद्वहन कर सिंगरौली, माड़ा, वैढन और जावद तहसील के 119 गांवों में 38,000 हेक्टेयर क्षेत्र में सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली के माध्यम से सिंचाई के लिए जल प्रदान करना है।</p>
<p><strong>मल्हारगढ़ दाबयुक्त वृहद उद्वहन सिंचाई परियोजना के संचालन के लिए 184 करोड़ रूपये की स्वीकृति</strong></p>
<p>मंत्रि-परिषद ने मंदसौर की मल्हारगढ़ दाबयुक्त वृहद उद्वहन सिंचाई परियोजना के सोलहवें केन्द्रीय वित्त आयोग की अवधि 01 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2031 तक निरन्तर संचालन के लिए 184 करोड़ 20 लाख रूपये की स्वीकृति दी है। मल्हारगढ़ दाबयुक्त वृहद उद्वहन सिंचाई परियोजना लिफ्ट सिंचाई परियोजना है। इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य मंदसौर जिले की 46,500 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई क्षमता विकसित करना है।</p>
<p><strong>ड्रोन टेक्नोलॉजी पर आधारित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना सहित विभिन्न योजनाओं के लिए 857 करोड़ रूपये की स्वीकृति</strong></p>
<p>मंत्रि-परिषद ने आईसर में ड्रोन टेक्नोलॉजी पर आधारित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना के लिए 85 करोड़ 51 लाख रूपये सहित विज्ञान एवं प्रौ&zwnj;द्योगिकी विभाग की विभिन्न योजनाओं के सोलहवें केन्द्रीय वित्त आयोग की अवधि 1 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2031 तक निरन्तर संचालन के लिए 857 करोड़ 21 लाख रूपये की स्वीकृति प्रदान की है।</p>
<p><strong>आई टी पार्क स्थापना की निरंतरता को मंजूरी:: 8000 को मिलेगा रोजगार</strong></p>
<p>प्रदेश में आईटी पार्क की स्थापना&#039; संबंधी योजना के लिए 595 करोड़ रूपये की स्वीकृति प्रदान की गई है। योजना अंतर्गत प्रदेश में इन्दौर, भोपाल, जबलपुर एवं ग्वालियर में आई.टी. पार्को की स्थापना की गयी है। आई.टी. पार्क एवं आई.टी. टावर्स की स्थापना से प्रदेश में आधुनिक तकनीकी अधोसंरचना का विकास होगा जिससे देश-विदेश के निवेशकों को आकर्षित कर निवेश एवं औ&zwnj;द्योगिक गतिविधियों को प्रोत्साहन मिलेगा। परिणामस्वरुप प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के व्यापक अवसर सृजित होंगे तथा 8000 से अधिक स्थानीय युवाओं को कौशल आधारित रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। उल्लेखनीय है कि अब तक लगभग 22000 युवाओ को रोजगार प्राप्त हो चुका है। ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (GIS) के अंतर्गत संपादित एमओयू के प्रभावी क्रियान्वयन के माध्यम से आई.टी. एवं ई.एस.डी.एम. क्षेत्र का विस्तार होगा जिससे प्रदेश की अर्थव्यवस्था सुदृढ होगी। डिजिटल एवं तकनीकी दक्षता में वृद्धि होगी तथा मध्यप्रदेश राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक उभरते तकनीकी एवं निवेश गंतव्य के रूप में स्थापित होगा।</p>
<p>मंत्रि-परिषद ने भारतीय विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (IISER) भोपाल में ड्रोन टेक्नोलॉजी पर आधारित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (COE) की स्थापना के लिए कुल लागत 85 करोड़ 51 लाख रूपये में से 17 करोड़ 90 लाख रूपये को आगामी तीन वर्षों तक प्रदाय किए जाने की स्वीकृति दी है। यह एक उन्नत अनुसंधान एवं विकास (R&amp;D) आधारित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में कार्य करेगा, जिसमें कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), ड्रोन सिमुलेशन, डिजिटल ट्विन प्रौ&zwnj;द्योगिकी, UAV डिजाइन एवं निर्माण, स्वायत्त प्रणालियों तथा उन्नत अनुप्रयोगों पर अनुसंधान एवं नवाचार को बढावा दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त केंद्र में स्टार्टअप इन्क्यूबेशन, प्रूफ ऑफ कॉन्सेप्ट (PoC), प्रोटोटाइप विकास एवं परीक्षण जैसी सुविधाएँ विकसित की जाएंगी, जिससे राज्य में ड्रोन प्रौ&zwnj;द्योगिकी का एक समग्र एवं आत्मनिर्भर पारिस्थितिकी तंत्र विकसित हो सकेगा।</p>
<p>&#039;नई तकनीक के लिए एम.पी.एस.ई.डी.सी. एवं अन्य संस्थाओं को सहायता&#039; योजना के लिए 110 करोड़ रूपये की स्वीकृति दी गई है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य राज्य शासन एवं उसके विभिन्न विभागों को नवीनतम सूचना प्रौ&zwnj;द्योगिकी एवं डिजिटल समाधान उपलब्ध कराकर प्रशासनिक कार्यप्रणाली को अधिक दक्ष, पारदर्शी और उत्तरदायी बनाना एवं नागरिकों को त्वरित, सरल और सुरक्षित ऑनलाइन सेवाएं प्रदान करना है। इसमें AI/ML आधारित बिजनेस इंटेलिजेंस, व्हाट्&zwnj;सऐप चैटवॉट, ड्रोन सेवाएं, एसएमएस गेटवे, MP CODE, ई-साइन, राज्य ई-मेल नीति, लो-कोड/नो-कोड प्लेटफॉर्म और सिक्योरिटी ऑडिट लैब जैसी प्रमुख गतिविधियां शामिल हैं।</p>
<p>&#039;मध्यप्रदेश स्टेट स्पाटियल डेटा इन्फ्रास्ट्रक्चर (एम.पी. एस एस डी आई)&#039; योजना के लिए 40 करोड़ 20 लाख रूपये की स्वीकृति दी है। योजना के उद्देश्य राज्य में भौगोलिक सूचना प्रणाली (GIS) तकनीक का उपयोग कर एकीकृत स्थानिक डाटा (Spatial Data) का निर्माण, संधारण एवं अद्&zwnj;यतन करते हुए विभिन्न विभागों, एजेसियों तथा योजनाओं को अद्&zwnj;यतन, विश्वसनीय एवं सुगम जीआइएस आधारित सेवाएँ उपलब्ध कराना है। इससे आपदा प्रबंधन, जल आपूर्ति, भूमि प्रबंधन, शहरी विकास एवं सड़क मरम्मत जैसे क्षेत्रों में रियल टाइम मॉनिटरिंग और निर्णय क्षमता में वृद्धि हुई है।</p>
<p>इसी तरह &#039;क्लाउड सेवाओं का प्रदाय व प्रबंधन&#039; के लिए 26 करोड़ 50 लाख रूपये की स्वीकृति दी गई है। इसका उद्देश्य डिजिटल मध्यप्रदेश की परिकल्पना को साकार करने और शासन की सभी सेवाओं में डिजिटल परिवर्तन (डिटिटल ट्रांसफार्मेशन) को गति देना है। इस योजना के अंतर्गत, मध्यप्रदेश स्टेट इलेक्ट्रॉनिक्स डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (MPSEDC) &zwnj;द्वारा तैयार क्लाउड अंगीकरण रूपरेखा (Cloud Adoption Framework) के आधार पर सभी शासकीय एवं अर्ध-शासकीय विभागों को सुरक्षित, लचीली, स्केलेवल एवं किफायती क्लाउड सेवाएं प्रदान की जा रही है। इसके माध्यम से शासन को अपने आईटी संसाधनों के निर्माण और रखरखाव पर भारी पूंजीगत निवेश की आवश्यकता नहीं होती है। आवश्यकतानुसार कम्प्यूटिंग संसाधन, स्टोरेज, नेटवर्किंग तथा सॉफ्टवेयर सेवाएँ क्लाउड प्लेटफॉर्म से प्राप्त कर सकते है।</p>
<p><strong>ग्वालियर में वि&zwnj;द्युत सुरक्षा निरीक्षकालय के नवीन वृत्त कार्यालय की स्थापना की स्वीकृति</strong></p>
<p>मंत्रि-परिषद ने ग्वालियर में वि&zwnj;द्युत सुरक्षा निरीक्षकालय के नवीन वृत्त कार्यालय और 9 नवीन पदों के सृजन की स्वीकृति दी है। सृजन संबंधी कार्यवाही के लिए ऊर्जा विभाग को अधिकृत किया गया है। उल्लेखनीय है कि सभी बड़े राजस्व संभागों (सागर, शहडोल, नर्मदापुरम को छोडकर) में विद्युत निरीक्षकालय के वृत्त कार्यालय स्थापित है। वर्तमान में ग्वालियर एवं चंबल संभाग के विद्युत सुरक्षा और राजस्व संग्रहण संबंधी कार्य भोपाल मुख्यालय से संपादित होते हैं। ग्वालियर में नवीन वृत्त कार्यालय प्रारंभ करने से विशेषत: मुरैना के बामौर और भिंड के मालनपुर औ&zwnj;द्योगिक क्षेत्र को लाभ प्राप्त हो सकेगा। इसके अतिरिक्त भविष्य में मुरैना में 600 मेगावाट का बैटरी स्टोरेज सोलर पॉवर प्लांट स्थापित किया जाना है जिसके लिए भी ग्वालियर में नवीन वृत्त कार्यालय स्थापित किया जाना आवश्यक है।</p>
<p><strong>नारायणगढ में जिला एवं अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सहित 9 नवीन पदों के सृजन की स्वीकृति</strong></p>
<p>मंत्रि-परिषद ने मंदसौर के नारायणगढ़ में जिला एवं अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश का एक नवीन पद सहित 9 नवीन पदों के सृजन की स्वीकृति दी है। इससे वहां नियमित रूप से न्यायालय का संचालन हो सकेगा जिससे स्थानीय अधिवक्ताओं और लोगों की मांग के साथ प्रकरणों का निराकरण किया जा सकेगा और आम जन को सुलभ व त्वरित न्याय मिल सकेगा।</p>
<p><strong>प्रशासन एवं प्रबंधकीय अकादमी के संचालन के लिए 129 करोड़ रूपये की स्वीकृति</strong></p>
<p>मंत्रि-परिषद ने सामान्य प्रशासन विभाग के अंतर्गत आर.सी.व्ही.पी. नरोन्हा प्रशासन एवं प्रबंधकीय अकादमी की गतिविधियों से संबंधित योजनाओं के सोलहवें केन्द्रीय वित्त आयोग की अवधि 01 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2031 तक निरन्तर संचालन के लिए 129 करोड़ 12 लाख रूपये की स्वीकृति दी है। स्वीकृति राशि से अकादमी के स्थापना एवं कार्यालयीन व्यय, मिशन कर्मयोगी, विभागीय परिसंपतियों का संधारण एवं प्रशासन अकादमी परिसर में प्रशिक्षण गतिविधियों के लिए भौतिक सुविधाओं का निर्माण संबंधित कार्य किए जायेंगे।</p>
<p><strong>संकल्प-हब फॉर एम्पावरमेंट ऑफ़ वुमेन, शक्ति सदन और सखी निवास के लिए 198 करोड़ रूपये की स्वीकृति</strong></p>
<p>मंत्रि-परिषद ने मिशन शक्ति- उपयोजना सामर्थ्य अंतर्गत संकल्प-हब फॉर एम्पावरमेंट ऑफ़ वुमेन, शक्ति सदन और सखी निवास योजना के वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक निरंतर क्रियान्वयन के लिए 198 करोड़ 59 लाख रूपये की स्वीकृति दी है।</p>
<p>संकल्प -हब फॉर एम्पावरमेंट ऑफ वूमेन योजना का उद्देश्य जिला स्तर पर एक ऐसी इकाई के रूप में कार्य करना है जो महिलाओं को उनके कल्याण और सशक्तिकरण के लिए योजनाओं और नीतियों के बारे में जागरूकता के साथ-साथ पहुंच प्रदान करें। यह योजना पूर्व से सभी 52 जिलों में संचालित है और अब इसे 3 नवगठित जिलों में संचालित किया जायेगा।</p>
<p>शक्ति सदन का उद्देश्य महिलाओं के लिए एक सुरक्षित और सक्षम वातावरण बनाना तथा अवैध व्यापार, संकट में फंसी महिलाओं को कठिन परिस्थितियों से उबार कर एक नई शुरुआत करवाना है। वर्तमान में प्रदेश में 14 शक्ति सदन अशासकीय संस्थाओं के माध्यम से संचालित है। भारत सरकार द्वारा 5 नये शक्ति सदन स्वीकृत किये गये हैं।</p>
<p>शहरी/ग्रामीण कामकाजी महिलाओं को सुविधाजनक व सुरक्षित आवास प्रदान करने के लिए सखी निवास योजना को लागू किया गया है। पूर्व में इस योजना का नाम महिला विश्रामालय था। सखी निवास में सभी वर्ग की कामकाजी महिलाओं को प्रवेश दिया जाता है। सखी निवास में महिला कर्मचारियों के छोटे बच्चों के लिए डे-केयर सेंटर संचालन का भी प्रावधान है। प्रदेश में 3 शासकीय सखी निवास संचालित है।</p>
<p><strong>कर्मचारी कल्याण, पेंशन, भविष्य निधि और बीमा योजनाओं के लिए 982 करोड़ रूपये की स्वीकृति</strong></p>
<p>मंत्रि-परिषद ने वित्त विभाग के अंतर्गत कर्मचारी कल्याण, पेंशन, भविष्य निधि और बीमा की योजनाओं के 16वें केन्द्रीय वित्त आयोग की अवधि 1 अप्रैल, 2026 से मार्च 2031 तक के लिए निरंतर संचालन के लिए 982 करोड़ 49 लाख रूपये की स्वीकृति दी है। स्वीकृति अनुसार संचालनालय पेंशन, भविष्य निधि एवं बीमा की योजनाओं, पेंशन तथा कर्मचारी कल्याण संचालनालय, जिला पेंशन कार्यालय, विभागीय परिसंपत्तियों का संधारण, पेंशनर कल्याण कोष, शासकीय सेवक परिवार कल्याण निधि पर ब्याज, शासकीय कर्मचारी समूह बीमा योजना, शासकीय कर्मचारी सह समूह बीमा योजना को संचालित किया जायेगा।</p>
<p><strong>समर्थन मूल्य पर उपार्जन पर किसानों को बोनस भुगतान योजना की निरंतरता की स्वीकृति</strong></p>
<p>मंत्रि-परिषद ने खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग अंतर्गत 500 करोड़ से अधिक की योजना अंतर्गत समर्थन मूल्य पर किसानों को उपार्जन पर बोनस भुगतान के 16वें केन्द्रीय वित्त आयोग की अवधि 1 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2031 तक में निरंतर संचालन की स्वीकृति दी है।</p>
<p><strong>मध्यप्रदेश विधिक माप विज्ञान नियम 2011 में संशोधन की स्वीकृति</strong></p>
<p>मंत्रि-परिषद ने मध्यप्रदेश विधिक माप विज्ञान नियम, 2011 में संशोधन की स्वीकृति दी है। भारत सरकार द्वारा जनविश्वास (प्रावधानों का संशोधन) अधिनियम, 2026 के माध्यम से विधिक मापविज्ञान अधिनियम, 2009 में किए गए संशोधनों को राज्य में प्रभावी रूप से लागू करने, Compliance Reduction and Deregulation के अंतर्गत की गई अनुशंसाओं का अनुपालन सुनिश्चित करने तथा नाप-तौल उपकरणों के सत्यापन शुल्क के पुनरीक्षण के उद्देश्य से यह संशोधन किया गया है।</p>
<p><strong>पुलिस में 9662 पदों पर होगी भर्तियां</strong><br />
कैबिनेट की बैठक में प्रदेश पुलिस में 9662 नए पदों पर भर्ती कराए जाने के गृह विभाग के प्रस्ताव को भी मंजूरी दे दी गई. इन पदों के साथ पिछले दो सालों में प्रदेश पुलिस में नए पदों की संख्या 18 हजार हो जाएगी. पिछले साल भी प्रदेश पुलिस में 8 हजार 500 पद स्वीकृत किए गये थे।&nbsp;</p>
<p><strong>भोपाल में बनेगा नया शिक्षण संस्थान</strong><br />
राजधानी भोपाल के आइसर संस्थान में ड्रोन तकनीक आधारिक सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित किया जाएगा. विज्ञान एवं प्रोद्योगिकी विभाग द्वारा इस सेंटर को स्थापित किया जाएगा. इसके लिए कैबिनेट ने अपनी मंजूरी दे दी है. इस सेंटर की स्थापना पर 85 करोड़ रुपए की राशि खर्च होगी. यह सेंटर प्रदेश में ड्रोन तकनीक के क्षेत्र में ट्रेनिंग, रिसर्च और इससे जुड़े नए नवाचार की दिशा में काम करेगा. इसको बड़े केन्द्र के रूप में स्थापित किया जाएगा।&nbsp;</p>
<p>प्रदेश के ग्वालियर में विद्युत सुरक्षा निदेशालय के लिए नए वृत्त कार्यालय को शुरू करने का निर्णय कैबिनेट में लिया गया. इसके लिए नए पदो के सृजन की भी मंजूरी दे दी गई है. विधि एवं विधाई कार्य विभाग द्वारा नारायणपुर मंदसौर में नए सत्र न्यायाधीश के नवीन पद की भी स्वीकृति दे दी गई।&nbsp;</p>
<p><strong>पूर्व और नये मुख्य सचिव को दी गई बधाई</strong><br />
खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के अंतगर्त संचालित होने वाले समर्थन मूल्य पर किसानों की फसल के उपार्जन पर बोनस की योजना की निरंतर बनाए रखने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई. कैबिनेट की बैठक में जल संसाधन विभाग की योजनाओं को 5 सालों तक की निरंतरता की मंजूरी दे दी गई. कैबिनेट की बैठक की शुरूआत में मंत्रिमंडल ने पूर्व मुख्य सचिव अनुराग जैन को केन्द्र में नई जिम्मेदारी दिए जाने की बधाई दी. अनुराग जैन पहले प्रदेश के अधिकारी हैं, जो नीति आयोग के सीईओ बने है. मंत्रिमंडल ने प्रदेश के नए मुख्य सचिव अशोक वर्णवाल को भी बधाई दी है।&nbsp;</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://newsx24.com/mp-police-recruitment-2026-recruitment-for-9662-posts-in-the-police-department-major-decision-by-the-mohan-yadav-cabinet/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>CM मोहन यादव का बड़ा बयान, बोले- MP में एक शादी का ही नियम चलेगा, तीन तलाक पर भी सख्त संदेश</title>
		<link>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-makes-a-major-statement-only-the-one-marriage-rule-will-apply-in-mp-sends-a-stern-message-regarding-triple-talaq-as-well/</link>
					<comments>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-makes-a-major-statement-only-the-one-marriage-rule-will-apply-in-mp-sends-a-stern-message-regarding-triple-talaq-as-well/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Editor]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 18 Jul 2026 09:34:00 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[मध्य प्रदेश]]></category>
		<category><![CDATA[राज्य]]></category>
		<category><![CDATA[featured]]></category>
		<category><![CDATA[mohan yadav]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-makes-a-major-statement-only-the-one-marriage-rule-will-apply-in-mp-sends-a-stern-message-regarding-triple-talaq-as-well/</guid>

					<description><![CDATA[कटनी &#160;मध्य प्रदेश में UCC विधेयक मानसून सत्र में पेश होगा। सीएम मोहन यादव ने कटनी में इसकी घोषणा कर दी है। सीएम ने कहा कि मध्य प्रदेश में कानूनी रूप से उसी आदमी को रहने का अधिकार होगा जो एक शादी करेगा। इसके साथ ही सीएम ने कहा कि तीन बार तलाक बोलने वालों &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p><strong>कटनी</strong><br />
&nbsp;मध्य प्रदेश में UCC विधेयक मानसून सत्र में पेश होगा। सीएम मोहन यादव ने कटनी में इसकी घोषणा कर दी है। सीएम ने कहा कि मध्य प्रदेश में कानूनी रूप से उसी आदमी को रहने का अधिकार होगा जो एक शादी करेगा। इसके साथ ही सीएम ने कहा कि तीन बार तलाक बोलने वालों को जेल भेजा जाएगा। क्योंकि ट्रिपल तलाक का दौर खत्म हो गया है।</p>
<p>सीएम मोहन यादव ने कहा- हिंदुओं और मुसलमानों के लिए अलग-अलग कानून क्यों होने चाहिए? सबके लिए एक ही कानून होना चाहिए। अगर राम एक बार शादी करते हैं, तो रहीम दो या चार बार शादी क्यों करें? मुस्लिम बहनें भी हमारी बहनें हैं। प्रस्तावित यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) के तहत, मध्य प्रदेश में रहने का कानूनी अधिकार सिर्फ उसी व्यक्ति को होगा जिसने एक शादी की हो। सबके लिए एक ही व्यवस्था होनी चाहिए।</p>
<p><strong>&#039;एक पत्नी के साथ न्याय नहीं कर सकते तो दूसरी शादी का हक नहीं&#039;</strong></p>
<p>शाही चीफ मुफ्ती ने कहा कि इस्लाम की शिक्षा इंसाफ और बराबरी पर आधारित है. यदि कोई शख्स अपनी एक पत्नी के साथ न्याय नहीं कर सकता तो उसे दूसरी, तीसरी या चौथी शादी करने का कोई अधिकार नहीं है. साथ ही उन्होंने कहा कि किसी के साथ धोखा करना या नाइंसाफी करना इस्लाम धर्म के मूल सिद्धांतों के खिलाफ है।&nbsp;</p>
<p>उन्होंने कहा कि यदि कोई शख्स कई शादी करके किसी पत्नी के साथ भेदभाव करता है या उसके अधिकारों का सम्मान नहीं करता, तो यह इस्लाम की भावना के विपरीत है. इसलिए मुख्यमंत्री मोहन यादव का यह बयान इस्लाम की मूल भावना के अनुरूप है और इसका स्वागत किया जाना चाहिए।&nbsp;<br />
&nbsp;</p>
<p><strong>&nbsp;अलग-अलग कानून क्यों हों?<br />
ट्रिपल तलाक का दौर खत्म</strong><br />
सीएम ने कहा- अगर कोई &#039;तलाक, तलाक, तलाक&#039; कहता है, तो उसे जेल भेजा जाएगा। ट्रिपल तलाक का दौर खत्म हो गया है। कानूनी तौर पर सिर्फ एक ही शादी को मान्यता दी जाएगी। हम सरकार के जरिए मध्य प्रदेश में यह कानून ला रहे हैं क्योंकि नागरिकों के बीच कोई भेदभाव नहीं होना चाहिए। हम सब इस देश में भारत माता की संतानें हैं। हम आने वाले मानसून सत्र में यह बिल पेश करने जा रहे हैं। बिल को विधानसभा में ले जाने से पहले, हम इसे भोपाल के जगदीशपुर में होने वाली अगली कैबिनेट बैठक में मंजूरी देंगे।</p>
<p><strong>भेदभाव खत्म करना है</strong><br />
सीएम ने कहा कि कैबिनेट की मंजूरी के बाद सरकार इसे विधानसभा के आगामी मानसून सत्र में पेश करेगी। उन्होंने कहा कि इस कानून का उद्देश्य सभी नागरिकों के लिए समान व्यवस्था लागू करना और भेदभाव खत्म करना है।</p>
<p><strong>&nbsp; &nbsp; सीएम ने कहा- जो एक शादी करेगा कानूनी रूप से वहीं रहेगा<br />
&nbsp; &nbsp; सीएम ने कहा- अब ट्रिपल तलाक का दौर खत्म हो गया<br />
&nbsp; &nbsp; तीन बार तलाक बोलने वालों को जाना होगा जेल<br />
&nbsp; &nbsp; 20 जुलाई से शुरू होगा एमपी में मानसून सत्र</strong></p>
<p><strong>20 जुलाई से शुरू होगा सत्र</strong><br />
मध्य प्रदेश विधानसभा का मानसून सत्र 20 जुलाई से शुरू होगा। पांच दिनों के सत्र में मध्य प्रदेश सरकार UCC के साथ-साथ कई अहम विधेयक भी पेश कर सकती है।</p>
<p><strong>अगली कैबिनेट में मंजूरी, फिर विधानसभा में आएगा बिल</strong><br />
मुख्यमंत्री ने बताया कि भोपाल के जगदीशपुर में होने वाली अगली कैबिनेट बैठक में UCC विधेयक के मसौदे को मंजूरी दी जाएगी। इसके बाद सरकार इसे विधानसभा के आगामी मानसून सत्र में पेश करेगी। उन्होंने कहा कि इस कानून का उद्देश्य सभी नागरिकों के लिए समान व्यवस्था लागू करना और भेदभाव खत्म करना है।</p>
<p><strong>संविधान में यूनिफॉर्म सिविल कोड के बारे में क्या कहा गया है?</strong><br />
संविधान के अनुच्छेद 44 के भाग- 4 में यूनिफॉर्म सिविल कोड की चर्चा है। राज्य के नीति-निदेशक तत्व से संबंधित इस अनुच्छेद में कहा गया है कि &lsquo;राज्य, देशभर में नागरिकों के लिए एक यूनिफॉर्म सिविल कोड लागू कराने का प्रयास करेगा।&rsquo;</p>
<p>हमारे संविधान में नीति निदेशक तत्व सरकारों के लिए एक गाइड की तरह है। इनमें वे सिद्धांत या उद्देश्य बताए गए हैं, जिन्हें हासिल करने के लिए सरकारों को काम करना होता है।</p>
<p><strong>उत्तराखंड, गुजरात और असम में UCC लागू</strong><br />
अभी देश के तीन राज्य उत्तराखंड, गुजरात और असम में ही UCC लागू है। उत्तराखंड ने सबसे पहले 2024 में इसे लागू किया था। इसी साल पहले गुजरात फिर असम ने इसे लागू किया। पश्चिम बंगाल में शुभेंदु अधिकारी और बिहार में सम्राट चौधरी ने सीएम बनते ही UCC लागू करने की बात कही थी। अब मध्यप्रदेश के सीएम माेहन यादव ने भी इसी मानसून सत्र में इसे लागू करने का ऐलान कर दिया है।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-makes-a-major-statement-only-the-one-marriage-rule-will-apply-in-mp-sends-a-stern-message-regarding-triple-talaq-as-well/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>अल्पवर्षा पर CM मोहन यादव का बड़ा एक्शन, किसानों के लिए तैयार हुआ मास्टर प्लान</title>
		<link>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-takes-major-action-regarding-scanty-rainfall-master-plan-prepared-for-farmers/</link>
					<comments>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-takes-major-action-regarding-scanty-rainfall-master-plan-prepared-for-farmers/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Editor]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 03 Jul 2026 11:36:00 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[मध्य प्रदेश]]></category>
		<category><![CDATA[राज्य]]></category>
		<category><![CDATA[featured]]></category>
		<category><![CDATA[mohan yadav]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-takes-major-action-regarding-scanty-rainfall-master-plan-prepared-for-farmers/</guid>

					<description><![CDATA[भोपाल&#160; &#160;संभावित अल्पवर्षा की आशंका को देखते हुए मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 2 जुलाई को मंत्रालय में किसान कल्याण एवं कृषि विकास, जल संसाधन, उद्यानिकी, पशुपालन, मत्स्य पालन, सहकारिता, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी समेत विभिन्न विभागों की तैयारियों की समीक्षा की। बैठक में उन्होंने कहा कि कम बारिश की संभावना को संकट के &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p><strong>भोपाल&nbsp;</strong></p>
<p>&nbsp;संभावित अल्पवर्षा की आशंका को देखते हुए मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 2 जुलाई को मंत्रालय में किसान कल्याण एवं कृषि विकास, जल संसाधन, उद्यानिकी, पशुपालन, मत्स्य पालन, सहकारिता, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी समेत विभिन्न विभागों की तैयारियों की समीक्षा की। बैठक में उन्होंने कहा कि कम बारिश की संभावना को संकट के बजाय बेहतर योजना, वैज्ञानिक खेती और समय रहते तैयारी करने का अवसर माना जाना चाहिए। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करते हुए किसानों तक समय पर जरूरी जानकारी और मार्गदर्शन पहुंचाने के निर्देश दिए, ताकि कृषि उत्पादन और किसानों की आय पर किसी प्रकार का नकारात्मक असर न पड़े।</p>
<p>&nbsp;मुख्यमंत्री&nbsp; यादव ने&nbsp; कहा कि कम वर्षा की संभावना को चुनौती के रूप में नहीं, बल्कि बेहतर योजना, वैज्ञानिक खेती और समय पर तैयारी के अवसर के रूप में देखा जाना चाहिए।उन्होंने बारिश की स्थिति की समीक्षा करते हुए कहा कि सभी संबंधित विभागों को समन्वय के साथ काम करना चाहिए और किसानों को समय पर मार्गदर्शन प्रदान करना चाहिए ताकि यह सुनिश्चित हो कि कृषि उत्पादन और किसानों की आय प्रभावित न हो।अधिकारियों ने बताया कि यादव ने सचिवालय में किसान कल्याण एवं कृषि विकास, जल संसाधन, बागवानी, पशुपालन, मत्स्य पालन, सहकारिता, लोक स्वास्थ्य अभियांत्रिकी एवं अन्य विभागों द्वारा अब तक की गई तैयारियों की समीक्षा की।</p>
<p><strong>किसानों को वैज्ञानिक खेती और कम पानी वाली फसलों के लिए किया जाएगा प्रेरित</strong><br />
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि प्रदेश का हर किसान मौसम की चुनौतियों का सामना वैज्ञानिक तरीके और उचित तैयारी के साथ कर सके। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि किसानों को ऐसी फसलों के बारे में जागरूक किया जाए, जिन्हें कम पानी की जरूरत होती है और जो कम समय में तैयार हो जाती हैं। उन्होंने ज्वार, बाजरा, उड़द, मूंग, तुअर, कोदो और कुटकी जैसी मोटे अनाज एवं दलहनी फसलों को अपनाने पर विशेष जोर दिया। उनका कहना था कि ये फसलें कम पानी में भी अच्छी पैदावार देती हैं और किसानों के लिए आर्थिक रूप से लाभकारी साबित हो सकती हैं।</p>
<p><strong>बुआई में जल्दबाजी न करें, पर्याप्त नमी के बाद ही करें खेती</strong><br />
मुख्यमंत्री ने किसानों को सलाह देने के निर्देश दिए कि पर्याप्त नमी बनने से पहले बुआई न करें। खेतों में नमी संरक्षण के उपाय अपनाने के साथ-साथ कम अवधि में अधिक उत्पादन देने वाली उन्नत किस्मों और आधुनिक कृषि तकनीकों का अधिक से अधिक उपयोग किया जाए।</p>
<p>उन्होंने कहा कि कृषि वैज्ञानिकों और विशेषज्ञों की सलाह किसानों तक प्रभावी तरीके से पहुंचाई जाए, ताकि स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार सही फसल का चयन किया जा सके। इसके लिए कृषि विस्तार तंत्र को और अधिक सक्रिय बनाने पर भी जोर दिया गया। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार लगातार मौसम की स्थिति पर नजर बनाए हुए है और किसानों को हर संभव तकनीकी एवं प्रशासनिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।</p>
<p><strong>दो वर्षों में जल संरक्षण और जलापूर्ति को मजबूत करने की तैयारी</strong><br />
बैठक में बताया गया कि प्रदेश के सभी नगरीय निकायों में वैकल्पिक जल स्रोतों की पहचान कर टैंकर आपूर्ति की आकस्मिक योजना तैयार की जाएगी। अमृत 2.0 के अंतर्गत जलप्रदाय योजनाओं को समय पर पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में जल जीवन मिशन के तहत प्रत्येक गांव की समीक्षा होगी और बंद या अधूरी नल-जल योजनाओं की मरम्मत के लिए 90 दिन का विशेष अभियान चलाया जाएगा।</p>
<p>&#039;जलाभिषेक 2.0&#039; अभियान के तहत पुराने तालाबों, कुओं, बावड़ियों और अन्य जल संरचनाओं का सर्वे कर उनका जीर्णोद्धार किया जाएगा। मनरेगा के सहयोग से प्रत्येक विकासखंड में कम से कम 100 जल संरचनाओं को अगले दो वर्षों में पुनर्जीवित करने का लक्ष्य रखा गया है।</p>
<p><strong>भूजल संरक्षण और सिंचाई व्यवस्था पर रहेगा विशेष फोकस</strong><br />
सरकार सभी विकासखंडों में रिचार्ज शाफ्ट, चेक डैम, स्टॉप डैम और खेत-तालाब निर्माण को मिशन मोड में आगे बढ़ाएगी। &quot;खेत का पानी खेत में और गांव का पानी गांव में&quot; की अवधारणा पर विशेष रूप से काम किया जाएगा। इसके साथ ही रबी सीजन से पहले नहरों की सफाई और मरम्मत पूरी करने तथा अंतिम छोर तक सिंचाई का पानी पहुंचाने की जिम्मेदारी तय करने के निर्देश दिए गए हैं।</p>
<p><strong>कम पानी वाली खेती और जिला स्तर पर आकस्मिक फसल योजना तैयार</strong><br />
बैठक में जानकारी दी गई कि दलहन, तिलहन और श्रीअन्न जैसी कम पानी वाली फसलों को बढ़ावा दिया जाएगा। इनके समर्थन मूल्य पर खरीदी की व्यवस्था भी मजबूत की जाएगी। धान उत्पादक क्षेत्रों में डायरेक्ट सीडेड राइस (DSR) और वैकल्पिक गीला-सूखा सिंचाई पद्धति को बढ़ावा देने के साथ प्रत्येक जिले के लिए अलग-अलग कंटिन्जेंसी क्रॉप प्लान तैयार किया जा रहा है।</p>
<p><strong>जलाशयों के संचालन के लिए तय होगा स्पष्ट प्रोटोकॉल</strong><br />
सरकार इंदिरा सागर, ओंकारेश्वर, बाणसागर और गांधीसागर सहित सभी प्रमुख जलाशयों के संचालन में तय नियमों का पालन सुनिश्चित करेगी। जल उपयोग की प्राथमिकता में सबसे पहले पेयजल, उसके बाद सिंचाई और अंत में विद्युत उत्पादन रखा जाएगा। इसके अलावा राज्य स्तर पर रियल-टाइम जल डैशबोर्ड तैयार किए जाएंगे, जिससे जलाशयों और जल संसाधनों की लगातार निगरानी की जा सके। &quot;जल गंगा संवर्धन&quot; अभियान की तर्ज पर जनभागीदारी वाले कार्यक्रम भी संचालित किए जाएंगे। प्रत्येक जिले में कलेक्टर की अध्यक्षता में जल संकट से निपटने के लिए अलग आकस्मिक योजना तैयार होगी।</p>
<p><strong>फसल बीमा, डिजिटल सर्वे और सोशल मीडिया से किसानों तक पहुंचेगी जानकारी</strong><br />
बैठक में बताया गया कि आरबीसी 6(4) के तहत फसल क्षति सर्वे के लिए राजस्व, कृषि और पंचायत विभाग के अधिकारियों का संयुक्त प्रशिक्षण पहले ही पूरा कराया जाएगा। डिजिटल क्रॉप सर्वे और सैटेलाइट इमेजरी के माध्यम से नुकसान का आकलन कर 15 दिनों के भीतर सर्वे पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।</p>
<p>फसल बीमा का दायरा बढ़ाने और दावों का शीघ्र निपटारा सुनिश्चित करने के लिए भी कार्यवाही की जा रही है। राज्य स्तरीय आकस्मिक कार्ययोजना विभागीय पोर्टल पर अपलोड की जा चुकी है। उन्नत बीज वितरण, फसल प्रदर्शन और बलराम तालाब योजना के तहत वर्षा जल संरक्षण के लक्ष्य जिलों को दिए जा चुके हैं।</p>
<p>सरकार सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से किसानों को मौसम पूर्वानुमान, खेती से जुड़ी सलाह और आवश्यक जानकारी लगातार उपलब्ध कराएगी। सभी जिलों के कलेक्टरों को सिंचाई, जलभराव, जीवन रक्षक सिंचाई के लिए बिजली की उपलब्धता और सूखे की स्थिति की नियमित समीक्षा करने के निर्देश भी जारी किए गए हैं। 26 से 30 जून के बीच आयोजित ग्राम सभाओं में भी आकस्मिक कार्ययोजनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई।</p>
<p>मुख्यमंत्री ने कहा कि समय पर और सही निर्णय लेने और विभागों के बीच प्रभावी समन्वय के साथ, राज्य कम वर्षा के प्रभाव को काफी हद तक कम किया जा सकता है।यादव ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे किसानों को उन फसलों की खेती के महत्व के बारे में व्यापक रूप से शिक्षित करें जिनमें कम पानी की आवश्यकता होती है और इसमें समय भी कम लगता है।</p>
<p>मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों को मोटे अनाज और दलहन फसलों जैसे ज्वार, बाजरा, काले चने, हरे चने, अरहर और कोदो-कुटकी का चयन करना चाहिए क्योंकि वे कम पानी में भी बेहतर पैदावार दे सकते हैं।यादव ने किसानों से जल्दबाजी में बुवाई से बचने का भी आग्रह किया। उन्होंने कहा कि मिट्टी में पर्याप्त नमी होने के बाद ही ऐसा किया जाना चाहिए और नमी संरक्षण के उपाय अपनाए जाने चाहिए।</p>
<p>उन्होंने कहा कि कृषि वैज्ञानिकों और विशेषज्ञों के सुझावों को किसानों तक प्रभावी ढंग से पहुंचाया जाना चाहिए ताकि वे उपयुक्त फसलों का चयन कर सकें। मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया कि सरकार किसानों की समृद्धि सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास करेगी।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-takes-major-action-regarding-scanty-rainfall-master-plan-prepared-for-farmers/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>CM मोहन यादव की नीमच को बड़ी सौगात, 500 मेगावॉट सोलर पार्क का करेंगे उद्घाटन</title>
		<link>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-to-gift-a-major-project-to-neemuch-will-inaugurate-a-500-mw-solar-park/</link>
					<comments>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-to-gift-a-major-project-to-neemuch-will-inaugurate-a-500-mw-solar-park/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Editor]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 29 Jun 2026 09:22:00 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[मध्य प्रदेश]]></category>
		<category><![CDATA[राज्य]]></category>
		<category><![CDATA[mohan yadav]]></category>
		<category><![CDATA[top-news]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-to-gift-a-major-project-to-neemuch-will-inaugurate-a-500-mw-solar-park/</guid>

					<description><![CDATA[नीमच&#160; मध्यप्रदेश में से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। यहां सरकार लोगों को बड़ी सौगात देनें जा रही है। जी हां सोमवार को मुख्यमंत्री मोहन यादव नीमच में 500 मेगावॉट और शाजापुर में 450 मेगावॉट के सौर पार्क का उद्घाटन करेंगे। इसके अलावा करोड़ो रूपए के विकास कार्यों का भूमि-पूजन और &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p><strong>नीमच&nbsp;</strong></p>
<p>मध्यप्रदेश में से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। यहां सरकार लोगों को बड़ी सौगात देनें जा रही है। जी हां सोमवार को मुख्यमंत्री मोहन यादव नीमच में 500 मेगावॉट और शाजापुर में 450 मेगावॉट के सौर पार्क का उद्घाटन करेंगे। इसके अलावा करोड़ो रूपए के विकास कार्यों का भूमि-पूजन और लोकार्पण भी करेंगे।&nbsp;&nbsp;</p>
<p>सोमवार को राज्य को मुख्यमंत्री मोहन यादव और केन्द्रीय मंत्री नीमच में 500 मेगावॉट और शाजापुर में 450 मेगावॉट के सोलर पार्क का शुभारंभ करेंगे। दोनों सौर परियोजनाओं की 2 रुपये 14 पैसे प्रति यूनिट की दर आई है, जो कि देश की न्यूनतम दरों में शामिल है। ऐसे में लोगों को सस्ती बिजली की सौगात मिलेगी। परियोजनाओं, 440 मेगावॉट की सोलर प्लस स्टोरेज परियोजना पॉवर परचेज एग्रीमेंट और 1553.98 करोड़ रुपये की औद्योगिक इकाइयों और विकास कार्यों का भूमि-पूजन और लोकार्पण करेंगे। इस मौके पर केन्द्रीय नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री प्रल्हाद जोशी और प्रदेश के नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री राकेश शुक्ला भी उपस्थित रहेंगे।</p>
<p>अपर मुख्य सचिव नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मनु श्रीवास्तव ने बताया है कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव और केन्द्रीय मंत्री जोशी के साथ प्रदेश में नवकरणीय ऊर्जा मंत्री शुक्ला की उपस्थिति में भोपाल में 440 मेगावॉट के मुरैना सोलर प्लस स्टोरेज परियोजना का पॉवर परचेज एग्रीमेंट होगा। मुरैना सोलर प्लस स्टोरेज प्रदेश की पहली सोलर ऊर्जा भण्डारण परियोजना है। इस परियोजना में 2 रुपये 70 पैसे प्रति यूनिट की दर निविदा पर प्राप्त हुई है, जो देश में न्यूनतम है।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-to-gift-a-major-project-to-neemuch-will-inaugurate-a-500-mw-solar-park/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>CM मोहन यादव का कांग्रेस पर हमला, बोले- आपातकाल में लोकतंत्र को कुचलने का किया गया प्रयास</title>
		<link>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-attacks-congress-says-an-attempt-was-made-to-crush-democracy-during-the-emergency/</link>
					<comments>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-attacks-congress-says-an-attempt-was-made-to-crush-democracy-during-the-emergency/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Editor]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 26 Jun 2026 11:35:00 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[मध्य प्रदेश]]></category>
		<category><![CDATA[राज्य]]></category>
		<category><![CDATA[featured]]></category>
		<category><![CDATA[mohan yadav]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-attacks-congress-says-an-attempt-was-made-to-crush-democracy-during-the-emergency/</guid>

					<description><![CDATA[भोपाल&#160; लोकतंत्र सेनानी सम्मेलन में पूर्व राज्यपाल कप्तान सिंह सोलंकी ने लोकतंत्र सेनानियों को स्वतंत्रता सेनानियों के समान सम्मान देने की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र सेनानियों की लंबे समय से यह मांग है कि उन्हें भी स्वतंत्रता सेनानियों के बराबर दर्ज की&#160; मांग उठाई।कप्तान सिंह सोलंकी ने कहा कि लोकतंत्र सेनानियों को मिलने &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p>भोपाल&nbsp;</p>
<p>लोकतंत्र सेनानी सम्मेलन में पूर्व राज्यपाल कप्तान सिंह सोलंकी ने लोकतंत्र सेनानियों को स्वतंत्रता सेनानियों के समान सम्मान देने की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र सेनानियों की लंबे समय से यह मांग है कि उन्हें भी स्वतंत्रता सेनानियों के बराबर दर्ज की&nbsp; मांग उठाई।कप्तान सिंह सोलंकी ने कहा कि लोकतंत्र सेनानियों को मिलने वाली 30 हजार रुपए मासिक पेंशन को आयकर से मुक्त किया जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि इस संबंध में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के समक्ष भी मांग रखी गई थी, लेकिन इसे स्वीकार नहीं किया गया।</p>
<p>सम्मेलन में सोलंकी ने 95 वर्ष की आयु पूरी कर चुके लोकतंत्र सेनानियों का सम्मान किए जाने पर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा, &ldquo;मैं सभी लोकतंत्र सेनानियों से कहता हूं कि खूब जियो और 95 वर्ष की आयु तक पहुंचकर सम्मान प्राप्त करो।&rdquo; उन्होंने लोकतंत्र की रक्षा के लिए संघर्ष करने वाले सेनानियों के योगदान को याद करते हुए कहा कि उनका सम्मान केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति देश की कृतज्ञता का प्रतीक है।</p>
<p>वे राजधानी के रवीन्द्र भवन में आयोजित लोकतंत्र सेनानी सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने विशेष रूप से पूर्व राज्यपाल कप्तान सिंह सोलंकी, पूर्व मंत्री उमाशंकर गुप्ता, 95 वर्षीय वरिष्ठ सेनानी शांतिलाल संघवी और 95 वर्षीय वरिष्ठ सेनानी लक्ष्मीनारायण पाटीदार का शाल श्रीफल देकर सम्मान किया।</p>
<p>आपातकाल के सेनानियों (मीसाबंदियों) के अखिल भारतीय संगठन &#039;लोकतंत्र सेनानी संघ, मध्य प्रदेश&#039; के तत्वावधान में आयोजित सम्मेलन में प्रदेशभर से लगभग दो हजार मीसाबंदी और उनके परिवार शामिल हुए हैं। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शिरकत कर रहे हैं। उनके साथ बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, लोकतंत्र सेनानी संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष व पूर्व सांसद कैलाश सोनी तथा संघ के प्रदेश अध्यक्ष तपन भौमिक भी मंच साझा कर रहे हैं।</p>
<p><strong>सीएम बोले-कांग्रेस ने आपातकाल में लोकतंत्र को कुचलने का प्रयास किया</strong><br />
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा की लड़ाई लोकतंत्र सेनानियों ने लड़ी, जबकि कांग्रेस ने आपातकाल के दौरान लोकतांत्रिक व्यवस्था को रोकने और दबाने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि भारत की आजादी के समय कई देश हमारे साथ या हमारे बाद स्वतंत्र हुए थे। इजरायल हमसे एक वर्ष बाद आजाद हुआ, लेकिन आज भारत दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र बनकर खड़ा है।</p>
<p>मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस की पांचवीं पीढ़ी राजनीति में आ चुकी है, लेकिन उसकी कार्यशैली नहीं बदली। उन्होंने अपने बचपन का उल्लेख करते हुए कहा कि जब आपातकाल लगा, तब उनकी उम्र मात्र नौ वर्ष थी। उनके पिता 19 महीने तक जेल में रहे। उस समय परिवार कठिन परिस्थितियों से गुजरा, लेकिन थोड़ी-बहुत खेती होने के कारण घर का गुजारा चलता रहा। उन्होंने आरोप लगाया कि उस दौर में कांग्रेस के लोग जेल में बंद लोगों से कांग्रेस की सदस्यता लेने की शर्त पर रिहाई की बात करते थे।</p>
<p>डॉ. यादव ने कहा कि लोकतंत्र सेनानियों के संघर्ष की वजह से आज देश में लोकतंत्र सुरक्षित है। उन्होंने कहा कि दुनिया के कई देशों में लोकतांत्रिक व्यवस्था कमजोर हुई, लेकिन भारत आज दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है। उन्होंने पाकिस्तान का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां की राजनीतिक स्थिति सभी के सामने है। लोकतंत्र की मशाल जलाए रखने का श्रेय लोकतंत्र सेनानियों को जाता है।</p>
<p>मुख्यमंत्री ने लोकतंत्र सेनानियों के लिए कई नई घोषणाएं भी कीं। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र सेनानियों के लिए विशेष ट्रेन से तीर्थ यात्रा कराई जाएगी। उन्हें सरकारी रेस्ट हाउस में दो दिन तक निशुल्क ठहरने की सुविधा मिलेगी। दिवंगत लोकतंत्र सेनानियों की स्मृति में पार्क और मार्गों का नामकरण किया जाएगा। गंभीर बीमारी की स्थिति में सरकार इलाज का पूरा खर्च वहन करेगी और आवश्यकता पड़ने पर एयर एंबुलेंस से भी उपचार की व्यवस्था कराई जाएगी।उन्होंने यह भी घोषणा की कि अधिक आयु के कारण जिन लोकतंत्र सेनानियों को जिला या बैंक शाखा बदलने में परेशानी होती है, उनकी सुविधा के अनुसार व्यवस्था की जाएगी। जिन सेनानियों को अब तक ताम्रपत्र नहीं मिले हैं, उन्हें कलेक्टर के माध्यम से उपलब्ध कराए जाएंगे। साथ ही सभी सरकारी कार्यालयों में लोकतंत्र सेनानियों को अधिकारी स्तर का सम्मान देने और उनकी समस्याओं का प्राथमिकता से निराकरण करने के निर्देश दिए जाएंगे।</p>
<p>मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि आज कांग्रेस संविधान बचाने की बात करती है, लेकिन उसने हमेशा एक परिवार को आगे बढ़ाने और सत्ता के बल पर दूसरों को दबाने का प्रयास किया।</p>
<p>इस सम्मेलन का मुख्य आकर्षण आपातकाल के दौरान लोकतंत्र की रक्षा के लिए संघर्ष करने वाले वीर सेनानियों का सम्मान समारोह है। कार्यक्रम में सीएम डॉ मोहन यादव पूर्व राज्यपाल कप्तान सिंह सोलंकी, डिप्टी सीएम जगदीश देवड़ा बीजेपी के प्रभारी डॉ महेंद्र सिंह मंत्री कृष्णा गौर पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष डॉ रामकृष्ण कुसमरिया विधायक रामेश्वर शर्मा मौजूद हैं।</p>
<p><strong>पूर्व मंत्री सहित तीन वयोवृद्ध लोकतंत्र सेनानियों का सम्मान</strong><br />
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने विशेष रूप से पूर्व राज्यपाल कप्तान सिंह सोलंकी, पूर्व मंत्री उमाशंकर गुप्ता, 95 वर्षीय वरिष्ठ सेनानी शांतिलाल संघवी और 95 वर्षीय वरिष्ठ सेनानी लक्ष्मीनारायण पाटीदार का शाल श्रीफल देकर सम्मान किया।</p>
<p><strong>इमरजेंसी पर बनी फिल्म भी दिखाई</strong><br />
कार्यक्रम में आपातकाल पर केंद्रित एक विशेष फिल्म का प्रदर्शन भी किया गया, जिसे लोकतंत्र प्रहरी संघ के अध्यक्ष नरेन्द्र अग्रवाल द्वारा तैयार किया गया है।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-attacks-congress-says-an-attempt-was-made-to-crush-democracy-during-the-emergency/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>CM मोहन यादव आज उज्जैन में देंगे करोड़ों की सौगात, झारडा में 188.42 करोड़ के बैराज का करेंगे लोकार्पण</title>
		<link>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-to-unveil-projects-worth-crores-in-ujjain-today-will-inaugurate-a-barrage-worth-%e2%82%b9188-42-crore-in-jharda/</link>
					<comments>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-to-unveil-projects-worth-crores-in-ujjain-today-will-inaugurate-a-barrage-worth-%e2%82%b9188-42-crore-in-jharda/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Editor]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 17 Jun 2026 08:01:00 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[मध्य प्रदेश]]></category>
		<category><![CDATA[राज्य]]></category>
		<category><![CDATA[featured]]></category>
		<category><![CDATA[mohan yadav]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-to-unveil-projects-worth-crores-in-ujjain-today-will-inaugurate-a-barrage-worth-%e2%82%b9188-42-crore-in-jharda/</guid>

					<description><![CDATA[उज्जैन&#160; मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव बुधवार को उज्जैन जिले की झारड़ा तहसील में 188.42 करोड़ रुपए की लागत से निर्मित सामाकोटा बैराज का लोकार्पण करेंगे। छोटी कालीसिंध नदी पर बने इस बैराज से क्षेत्र के 18 गांवों के करीब 11 हजार से अधिक किसान परिवारों को सिंचाई सुविधा का लाभ मिलेगा। परियोजना की जल संग्रहण &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p><strong>उज्जैन&nbsp;</strong></p>
<p>मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव बुधवार को उज्जैन जिले की झारड़ा तहसील में 188.42 करोड़ रुपए की लागत से निर्मित सामाकोटा बैराज का लोकार्पण करेंगे। छोटी कालीसिंध नदी पर बने इस बैराज से क्षेत्र के 18 गांवों के करीब 11 हजार से अधिक किसान परिवारों को सिंचाई सुविधा का लाभ मिलेगा। परियोजना की जल संग्रहण क्षमता 17.57 मिलियन घन मीटर है और इससे 7236 हेक्टेयर कृषि भूमि में पाइप लाइन पद्धति से सिंचाई हो सकेगी।</p>
<p>सामाकोटा बैराज परियोजना से नलखेड़ा, पनोडिया, नीमखेड़ा, घट्टियाजस्सा, मेलाखेड़ी, खोरियापदमा, खेरला, लसूड़ियानहाटा, नागपुरा, छज्जुखेड़ी, देलाखेड़ी, डूंगरखेड़ी, खेड़ामद्दा, कसोन, महिदपुरिया, सोमचिड़ी और झारड़ा सहित कई गांवों के किसानों को सीधा फायदा मिलेगा।</p>
<p>मुख्यमंत्री इस दौरान 19 करोड़ रुपए से अधिक लागत के अन्य विकास कार्यों का भी लोकार्पण करेंगे। इनमें उच्च शिक्षा विभाग के 4.35 करोड़ रुपए लागत के महाविद्यालय भवन, लोक शिक्षण विभाग के तहत सेमलिया, महिदपुर रोड और कुंडीखेड़ा में कन्या स्कूल भवन, मोचीखेड़ा में 33/11 केवी उपकेंद्र तथा झारड़ा क्षेत्र के 13 उप स्वास्थ्य केंद्र भवन शामिल हैं। कुल मिलाकर लगभग 207 करोड़ रुपए के विकास कार्य जनता को समर्पित किए जाएंगे।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://newsx24.com/cm-mohan-yadav-to-unveil-projects-worth-crores-in-ujjain-today-will-inaugurate-a-barrage-worth-%e2%82%b9188-42-crore-in-jharda/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
