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हरियाणा में 32 लाख परिवारों को फायदा:12वीं क्लास तक फीस में छूट, लकी ड्रा से एडमिशन

हरियाणा सरकार ने चिराग योजना की सीमा को बढ़ाकर 8 लाख रुपए कर दिया है। इससे प्रदेश के करीब 32 लाख लोगों को लाभ मिलेगा। प्राईमरी एजुकेशन डिपर्टमेंट ने सभी डिस्ट्रिक्ट एजुकेशन ऑफिसर (DEO) और प्राईमरी एजुकेशन ऑफिसर (DEEO) को इसके लिए लेटर भी जारी कर दिया है।

योजना में पहले एक साल में 1.8 लाख रुपए इनकम वाली फैमिली आती थी। इसमें प्रदेश सरकार सेकेंड क्लॉस से लेकर ट्वेल्थ तक के स्टूडेंट की फीस का भुगतान करती है। जिसमें फीस के रुपए सीधे स्कूलों को दिए जाते हैं।

इसमें शामिल होने के लिए स्टूडेंट के साथ पेरेंट्स भी रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। अगर स्कूल में तय सीट से ज्यादा रजिस्ट्रेशन रहे तो लकी ड्रा के माध्यम से एडमिशन दिया जाएगा। वहीं स्कूलों को 15 अप्रैल तक सारी प्रोसेस पूरी करनी होगी।

पहले पढ़िए क्या है चिराग योजना

प्रदेश भर में गरीब पच्चों को चिराग योजना के तहत प्राइवेट स्कूलों में एजुकेशन डिपॉर्टमेंट द्वारा एडमिशन दिया जाता है। इस योजना से पहले ये एडमिशन नियम- 134 A के तहत होते थे। सरकार ने नियम- 134 ए खत्म कर चिराग योजना की शुरुआत की है।

इस योजना में सरकार दूसरी कक्षा से लेकर 5वीं तक हर स्टूडेंट को 700 रुपए, कक्षा छठी से आठवीं तक 900 रुपए और कक्षा नौवीं से 12वीं तक हर स्टूडेंट को 1100 रुपए प्रति माह फीस के रूप में प्राइवेट स्कूलों को देती है।

10 मार्च तक देनी होगी सीटों की डिटेल

सरकार ने प्राइवेट स्कूलों से इस योजना में शामिल बच्चों के 15 फरवरी तक आवेदन मांगे हैं। इसके बाद स्कूलों को एक से 15 अप्रैल के बीच एडमिशनत प्रोसेस पूरी करनी होगी। इसके बाद योजना में शामिल बच्चों की तय फीस सरकार सीधा स्कूलों को भेजेगी।

कैसे मिलेगा योजना का लाभ…

पेरेंट्स के सामने ड्रा निकलेगा: इस योजना के रजिस्ट्रेशन के लिए पेरेंट्स और स्टूडेंट 13 मार्च से 30 मार्च तक एप्लाई कर सकते हैं। जिन स्कूलों में सीटों से ज्यादा आवेदन प्राप्त होंगे, उनके लिए एक से पांच अप्रैल के बीच ड्रा निकाले जाएंगे। अभिभावकों की उपस्थिति में ड्रा निकाला जाएगा। इसके बाद स्कूल एक से 15 अप्रैल तक एडमिशन प्रोसेस पूरी कर चयनित बच्चों के नाम नोटिस बोर्ड पर लगाएंगे।

लाभ लेने के लिए ये रहेगी शर्त

इस योजना में केवल वही इलीजिबल होंगे, जिन्होंने ईयरली एग्जाम सरकारी स्कूल से पास किया हो। पिछले सरकारी स्कूल से लिविंग सर्टिफिकेट (एसएलसी) लेना भी अनिवार्य होगा। इसके साथ ही परिवार पहचान पत्र होना अनिवार्य है। वहीं, फार्म-6 भरने वाले स्कूलों को ही सरकार फीस की प्रतिपूर्ति करेगी।

वेटिंग लिस्ट के एडमिशन 16 अप्रैल से

अगर एडमिशन से कोई सीट खाली बच जाती है (वेटिंग सीट) तो उस पर एडमिशन 16 से 30 अप्रैल तक किए जाएंगे। इसके बाद स्कूलों को डिपॉर्टमेंट के पोर्टल पर 30 अप्रैल तक स्टूडेंट की डिटेल भरनी जरूरी है।

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