स्थानांतरण के बाद भी नहीं हुई रवानगी,वाराणसी पुलिस में उठने लगे सवाल

वाराणसी
कमिश्नरेट वाराणसी में कांस्टेबल और हेड कांस्टेबल के स्थानांतरण के बाद भी उनकी रवानगी नहीं होने से पुलिस महकमे में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है।कुछ दिन पूर्व कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा काशी विश्वनाथ मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से कई पुलिसकर्मियों के थाना और गैर-थाना (विभिन्न शाखाओं, कार्यालयों एवं इकाइयों) स्तर पर स्थानांतरण किए गए थे।नई तैनाती की सूची जारी होने के बाद उम्मीद थी कि संबंधित पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से कार्यमुक्त कर नए तैनाती स्थल पर भेज दिया जाएगा,लेकिन अब तक कई पुलिसकर्मी अपने पुराने थानों और गैर-थाना इकाइयों में ही कार्यरत बताए जा रहे हैं।
इस स्थिति से स्थानांतरण आदेशों के अनुपालन को लेकर सवाल उठने लगे हैं।पुलिस विभाग के अंदर भी चर्चा है कि जब सुरक्षा व्यवस्था और प्रशासनिक आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए स्थानांतरण किए गए थे,तो रवानगी में देरी का कारण क्या है।थाना स्तर के साथ-साथ गैर-थाना स्थानांतरण वाले कई पुलिसकर्मियों की भी अब तक रवानगी न होने की चर्चा पुलिस महकमे में बनी हुई है।
हालांकि,इस संबंध में पुलिस अधिकारियों की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण सामने नहीं आया है।जानकारों का मानना है कि स्थानांतरण आदेशों का समयबद्ध अनुपालन प्रशासनिक पारदर्शिता,अनुशासन और कार्यकुशलता के लिए आवश्यक है।वहीं,पुलिसकर्मियों के बीच भी यह चर्चा है कि आदेश जारी होने के बाद रवानगी में अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए।
अब सभी की निगाहें पुलिस प्रशासन पर टिकी हैं कि लंबित रवानगी की प्रक्रिया कब पूरी होगी और थाना व गैर-थाना दोनों श्रेणियों में स्थानांतरित पुलिसकर्मी अपने नए तैनाती स्थलों पर कब कार्यभार ग्रहण करेंगे।



